मसूरी वन प्रभाग को समाप्त किया गया तो मसूरी के विभिन्न संगठन आंदोलन करेंगे।
सुनील उनियाल/
मसूरी। वन विभाग के पुनर्गठन के प्रस्ताव के तहत मसूरी डिविजन के जौनपुर के सभी रेंज को नरेन्द्रनगर में शामिल किए जाने व मसूरी को रायपुर में शामिल करने के प्रस्ताव का लोगों ने कड़ा विरोध शुरू कर दिया है व विभिन्न संगठनों ने आंदोलन की चेतावनी दी है। वहीं मंत्री गणेश जोशी ने भी इस प्रस्ताव पर कहा कि मसूरी वन प्रभाग को किसी भी कीमत पर समाप्त नहीं करने दिया जायेगा।
कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि उन्होने वन मंत्री सुबोध उनियाल से इस दिशा में बात की है व कहा मसूरी वन प्रभाग किसी भी स्तर पर समाप्त नही होगा। उन्होंने कहा वन विभाग ने पुनर्गठन का ढांचा बनाया है लेकिन ऐसा कुछ नही होने वाला है। जनहित में मसूरी वन प्रभाग का होना बहुत जरुरी है। उन्होंने कहा वन मंत्री ने उनको आश्वस्त किया है कि जनहित में मसूरी वन प्रभाग यथावत रहेगा। इस संबंध में पालिकाध्यक्ष मीरा सकलानी ने कहा कि इस संबंध में वनमंत्री को पत्र भेजा गया है, मसूरी वन प्रभाग को समप्त नहीं होने दिया जायेगा वहीं जौनपुर रेंज को मुनी की रेती में शामिल किया जाना तर्कपूर्ण नहीं है, इस संबध में मंत्री गणेश जोशी से भी बात की गयी वहीं वन मंत्री सुबोध उनियाल से भी बात भी फोन पर बात की गयी कि मसूरी वन प्रभाग को यथावत रखा जाय। पालिका सभासद पवन थलवाल ने भी मंत्री गणेश जोशी को ज्ञापन दिया व मसूरी वन प्रभाग को समाप्त न होने देने के बारे में लिखा गया है वहीं मुख्यमंत्री व वन मंत्री सहित मुख्य सचिव को भी ज्ञापन दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मसूरी वन प्रभाग को हटने नहीं दिया जायेगा व अगर इसका प्रयास किया जायेगा तो आंदोलन किया जायेगा। शहर कांग्रेस अध्यक्ष अमित गुप्ता ने कहा कि मसूरी वन प्रभाग जौनपुर क्षेत्र के लिए मुख्य केंद्र है लेकिन मसूरी वन प्रभाग को यहां से ले जाने की बात की जा रही है यह नहीं होने दिया जायेगा, मसूरी वन प्रभाग जौनपुर वालों के लिए बहुत दूर हो जायेगा व छोटे कार्य के लिए भी डेढ सौ किमी दूर जाना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि मसूरी वन प्रभाग ब्रिटिश काल से चली आ रही है। वहीं अगर मसूरी वन प्रभाग को यहा से हटाया गया तो इसका विरोध किया जायेगा इससे ग्रामीणों को अपने कार्य करने के लिए मुनी की रेती जाना पड़ेगा जो संभव नहीं है। पूर्व पालिकाध्यक्ष मनमोहन सिंह मल्ल ने कहा कि मसूरी वन प्रभाग को समाप्त कर जौनपुर रेंज को मुनी की रेती में शामिल करने के प्रस्ताव का कड़ा विरोध किया जायेगा। जौनपुर रेंज के लोगों को मुनी की रेती और मसूरी रेंज के लोगों को देहरादून अपने कार्यो के लिए जाना पड़ेगा जो जनता को स्वीकार नहीं है। मसूरी वन प्रभाग एक ऐतिहासिक डिवीजन है। पूर्व विधायक जोत सिंह गुनसोला ने कहा कि मसूरी वन प्रभाग का बहुत बड़ा क्षेत्रफल है, इसलिए इसे यथावत रखना जरूरी है। वहीं प्रदेश के वन मंत्री सुबोध उनियाल ने कहा कि वन विभाग के पुनर्गठन के प्रस्ताव पर कसरत चल रही है लेकिन इस तरह का कोई भी प्रस्ताव मेंरे पास नहीं आया। जब प्रस्ताव आयेगा तो उसके बाद कोई अंतिम निर्णय लिया जायेगा। विभागीय स्तर पर सिविल डिवीजन को समाप्त कर टेरिटोरियल डिवीजन बनाने पर विचार किया जा रहा है, जनहित को सर्वोपरि रखकर ही कोई भी अंतिम निर्णय लिया जायेगा।
संपादक: सुनील उनियाल
Welcome to Sarthak bigul Website, We provides latest and trending news very fast.
